लखनऊ-एक साल से फरार उज्बेकिस्तानी महिला गिरफ्तार ,लोला कायूमोवा मैक्स अस्पताल के पास से अरेस्ट,लोला ने प्लास्टिक सर्जरी कराकर पहचान छिपाई थी,लोला ने विदेशी युवतियों को लखनऊ में ठहराया था ,2025 में फ्लैट में दो उज्बेकिस्तानी युवतियां मिली थीं,युवतियों के अवैध रूप से ठहरने की सूचना मिली थी ,पुलिस ने नीलोफर और होलिड़ा को गिरफ्तार किया था।
लखनऊ में विदेशी नागरिकों की पहचान छुपाकर उन्हें भारत में अवैध रूप से बसाने का एक खतरनाक रैकेट बेनकाब हुआ है। उज्बेकिस्तान की दो महिलाओं को बिना पासपोर्ट और वीज़ा के रहने के आरोप में हिरासत में लिया गया है। चौंकाने वाली बात यह है कि इनकी पहचान छुपाने के लिए लखनऊ के एक निजी डॉक्टर ने प्लास्टिक सर्जरी की थी। FRRO की कार्रवाई के बाद डॉक्टर और एक कथित एजेंट के खिलाफ विदेशी अधिनियम की धाराओं में FIR दर्ज कर दी गई है, जबकि पूरे नेटवर्क की परतें अब खंगाली जा रही हैं!
राजधानी लखनऊ से एक अंतरराष्ट्रीय स्तर के रैकेट का सनसनीखेज खुलासा हुआ है, जिसमें बिना पासपोर्ट और वीजा के भारत में रह रहीं उज्बेकिस्तान की महिलाओं की पहचान बदलने के लिए प्लास्टिक सर्जरी की जा रही थी. यह सारा खेल लखनऊ के एक निजी क्लीनिक में हो रहा था, जहां मोटी रकम लेकर डॉक्टर पहचान छुपाने में मदद करता था!
सूचना के आधार पर कार्यवाही करते हुए FRRO (विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय) की टीम सुशांत गोल्फ सिटी स्थित Omaxe City पहुंची! यहां एक फ्लैट से उज्बेकिस्तानी नागरिक होलिडा और निलोफर को हिरासत में लिया! उनसे जब पूछताछ की गई तो सामने आया कि दोनों महिलाएं करीब दो साल पहले लखनऊ आई थीं! यहां वे बिना किसी वैध दस्तावेज यानी पासपोर्ट और वीजा के रह रही.
