सुलतानपुर– सरकारी नौकरी पाने की उम्मीद में एक परिवार ने लाखों रुपये गंवा दिए। आरोप है कि नौकरी दिलाने का भरोसा देकर पहले रकम ली गई, फिर वर्षों तक ज्वाइनिंग लेटर का झांसा देकर पीड़ित को दौड़ाया जाता रहा। जब पीड़ित ने अपनी रकम वापस मांगी तो कथित तौर पर उसे राइफल दिखाकर जान से मारने की धमकी दी गई।
मामले में दर्ज प्रथम सूचना रिपोर्ट में सामने आए आरोप सरकारी नौकरी के नाम पर चलने वाले कथित ठगी के खेल और पीड़ित को डराने-धमकाने की गंभीर तस्वीर पेश करते हैं।शिकायत के मुताबिक, पीड़ित अमित पांडेय की मुलाकात वर्ष 2020 में शशांक पांडेय से हुई थी। बातचीत और मेलजोल बढ़ने के बाद शशांक ने अमित के भाई अतुल कुमार पांडेय को नगर निगम में सरकारी नौकरी दिलाने का आश्वासन दिया। पीड़ित का आरोप है कि इसी भरोसे में रकम दी गई, लेकिन नौकरी के बजाय उसे लगातार इंतजार ही मिलता रहा। पीड़ित ने अपने भाई की नौकरी लगवाने के भरोसे शशांक पांडेय के बताए खाते में 24 जून 2020 को एक लाख रुपये ट्रांसफर किए। इसके बाद 31 जुलाई 2020 को 30 हजार रुपये और देने का उल्लेख शिकायत में है। पीड़ित का कहना है कि नौकरी का ज्वाइनिंग लेटर वर्ष 2020 में ही दिलाने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन समय बीतता गया और वादा पूरा नहीं हुआ। 16 अगस्त 2020 को फिर एक लाख 70 हजार रुपये की मांग की गई। पीड़ित ने 20 अगस्त 2020 को शशांक के घर जाकर रकम देने की बात कही है। इसके बाद भी नौकरी नहीं मिली। वर्ष 2021 में पूछने पर कोविड का हवाला देकर छह महीने और इंतजार करने को कहा गया। बाद में विभाग में नई वैकेंसी आने और तीन-चार साल लगने की बात कहकर फिर टाल दिया गया। वर्ष 2025 के अंतिम महीने में नौकरी के बारे में पूछने पर मार्च 2026 तक ज्वाइनिंग लेटर मिलने का भरोसा दिया गया। अप्रैल 2026 में शशांक की पत्नी सोनिया पांडेय से भी बात कराई गई। शिकायत के मुताबिक, सोनिया ने दो-तीन महीने और रुकने को कहा और नौकरी नहीं मिलने पर रकम लौटाने की जिम्मेदारी लेने की बात कही। जून में जब पीड़ित रकम मांगने पहुंचा तो आरोप है कि शशांक पांडेय और सोनिया पांडेय ने घर का दरवाजा बंद कर लिया। इसके बाद शशांक ने राइफल निकालकर पीड़ित के सीने पर तान दी और दोबारा पैसे मांगने पर जान से मारने की धमकी दी। सोनिया पर भी मामले को सार्वजनिक करने पर गंभीर झूठे आरोपों में फंसाने की धमकी देने का आरोप लगाया गया है। नगर कोतवाल सुरेश नारायण मिश्र ने मुकदमा दर्ज किए जाने की पुष्टि की।
