सहारनपुर में हाल ही में हुए मस्जिद प्रकरण को लेकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। मामले का जायजा लेने जा रहे समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल को रोकने के लिए प्रशासन ने मुजफ्फरनगर से सपा सांसद हरेंद्र मलिक को उनके आवास पर नजरबंद (हाउस अरेस्ट) कर दिया है। उनके आवास के बाहर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
हाउस अरेस्ट पर सांसद हरेंद्र मलिक ने कहा
सरकार का कदम निंदनीय: -सांसद हरेंद्र मलिक ने पुलिसिया कार्रवाई की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए इसे लोकतंत्र पर हमला और तानाशाही करार दिया।
पुराने मकानों के नक्शे पर सवाल: -नक्शे के विवाद पर बोलते हुए सांसद ने कहा कि यदि पुराने निर्माणों की जांच की जाए, तो किसी भी बड़े नेता या प्रशासनिक अधिकारी के पुराने मकानों के स्वीकृत नक्शे नहीं मिलेंगे।
न्यायिक प्रक्रिया का सम्मान: -उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि यह कार्रवाई किसी वैध न्यायिक आदेश के तहत होती, तो सभी इसका सम्मान करते। बिना किसी उचित कानूनी प्रक्रिया के इस तरह का कदम उठाना पूरी तरह से गलत है।
सहारनपुर जाने से रोके जाने के बाद समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं में भारी रोष है और पुलिस बल लगातार स्थिति पर पैनी नजर बनाए हुए है।
